मेरी पत्नी पाकिस्तानी, CRPF ने बेनकाब किया, PM मोदी से मांगी न्याय!

CRPF जवान की कहानी: प्यार, विवाह और नौकरी का नुकसान
नरेंद्र मोदी और अमित शाह से न्याय की गुहार लगाते हुए एक CRPF जवान ने बताया कि उसे नौकरी से निकाल दिया गया क्योंकि उसकी पत्नी पाकिस्तानी है। मुनिर अहमद ने कहा कि उसने अपने विभाग को अपनी शादी की जानकारी पहले ही दे दी थी और उसके पास सबूत भी हैं।
मुख्यमंत्री अहमद ने बताया कि उसने 24 मई 2024 को वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए पाकिस्तानी नागरिक मेनैल खान से शादी की थी। अपनी शादी की जानकारी देने के लिए उसने CRPF को 31 दिसंबर 2022 को एक पत्र लिखा था, जिसमें उसने शादी का कार्ड भी साथ दिया था। उसने कहा कि उसे 2023 में CRPF से शादी की जानकारी देने के लिए पत्र वापस कर दिया गया था, लेकिन 2024 में, जब उसने अपने पत्र को विभिन्न अधिकारियों के माध्यम से और अंततः नई दिल्ली में मुख्यालय तक भेजा तो उसे पुष्टि मिली कि CRPF ने शादी को स्वीकार किया है।
अहमद ने बताया कि उसने शादी के बाद भी अपने विभाग को सूचित किया था और उसने शादी का प्रमाण पत्र, शादी की तस्वीरें सबमिट की थीं। 28 फरवरी 2025 को मेनैल खान ने भारत आने के लिए वीजा प्राप्त किया और अहमद ने अपनी बटालियन को सूचित किया।
अहमद ने दावा किया कि उसके पास सबूत हैं कि उसने अपने विभाग को अपनी शादी की जानकारी दी थी। उसने PM मोदी और होम मिनिस्टर अमित शाह से “न्याय” की गुहार लगाई।
CRPF ने अपने बयान में कहा कि अहमद की कार्रवाईयां सेवा आचरण का उल्लंघन और राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए हानिकारक थीं।
CRPF का दावा
CRPF ने कहा कि मुनिर अहमद को 41 बटालियन के एक CRPF जवान के रूप में उनके कार्यों के लिए “सेवा आचरण के उल्लंघन और राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए हानिकारक” होने के कारण तत्काल प्रभाव से नौकरी से निकाल दिया गया था।
सरकार ने क्या कहा?
यह घटना ऐसे समय आई है जब केंद्र सरकार ने जम्मू और कश्मीर के पहलगाम जिले में 22 अप्रैल को हुए आतंकी हमले के बाद सभी जारी किए गए पाकिस्तानी नागरिकों के वीजा निरस्त कर दिए हैं। सरकार ने भारत में आने वाले पाकिस्तानी नागरिकों


